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बिहार बोर्ड 10वीं · विज्ञान · मैट्रिक परीक्षा 2027

अध्याय 14: ऊर्जा के स्रोत — नोट्स

इस अध्याय के 8 भाग, किताब के क्रम में — हर भाग की पहली बात और वे बिंदु जो मेधा मैम बोर्ड पर लिखती हैं — और अंत में सारांश। पूरा पाठ और हर भाग का जाँच-प्रश्न ऐप में।

  1. 1. ऊर्जा संकट क्यों? — ऊर्जा का क्षयित होना

    देखिए, कक्षा 9 में आपने पढ़ा था कि ऊर्जा संरक्षित रहती है।

    • • ऊर्जा संरक्षित रहती है, पर प्रयोज्य रूप में क्षयित हो जाती है
    • • मोमबत्ती: रासायनिक ऊर्जा → ऊष्मा + प्रकाश (वापस नहीं मिलता)
    • • 100 mL जल, 348K (75°C) → कमरा 298K (25°C) में ठंडा
    • • ठंडा हुआ जल वापस गरम नहीं किया जा सकता
    • • स्रोत एक बार उपयोग होने पर उपभुक्त हो जाता है
  2. 2. जीवाश्मी ईंधन और प्रदूषण

    देखिए, आज हम अपनी ज़्यादातर ज़रूरतों के लिए जीवाश्मी ईंधन पर ही निर्भर हैं।

    • • जीवाश्मी ईंधन दहन से: कार्बन, नाइट्रोजन, सल्फर के ऑक्साइड
    • • ये अम्लीय ऑक्साइड → अम्लीय वर्षा
    • • CO₂ जैसी गैसें → ग्रीन हाउस प्रभाव
    • • दहन-दक्षता बढ़ाकर प्रदूषण कम किया जा सकता है
    • • जीवाश्मी ईंधन: चूल्हे, वाहन व विद्युत उत्पादन में उपयोग
  3. 3. टरबाइन से विद्युत बनाना

    देखिए, विद्युत बनाने के लिए डायनेमो का शैफ्ट घुमाना पड़ता है।

    • • टरबाइन = रोटर + ब्लेड (पंखुड़ियाँ)
    • • गतिशील तरल (जल/भाप) → ब्लेड घुमाता है
    • • रोटर घूमता है → डायनेमो का शैफ्ट घूमता है
    • • यांत्रिक ऊर्जा → विद्युत ऊर्जा
    • • उदाहरण: टेबिल टेनिस बॉल + धातु पंखुड़ी + डायनेमो + बल्ब
  4. 4. तापीय व जल विद्युत संयंत्र

    देखिए, तापीय संयंत्र में रोज़ बहुत सारा जीवाश्मी ईंधन जलाया जाता है।

    • • तापीय संयंत्र: ईंधन दहन → भाप → टरबाइन घूमे → विद्युत
    • • जल विद्युत संयंत्र: गिरते जल की स्थितिज ऊर्जा → विद्युत
    • • भारत की ¼ ऊर्जा-माँग जल विद्युत से पूरी
    • • जल विद्युत नवीकरणीय स्रोत (वर्षा से जलाशय भरते)
    • • समस्याएँ: भूमि-आवास डूबना, मेथेन गैस, पुनर्वास (टिहरी, सरदार सरोवर)
  5. 5. जैव-मात्रा: चारकोल और बायो गैस

    देखिए, लकड़ी तो बहुत पुराने समय से ईंधन रही है।

    • • जैव-मात्रा: लकड़ी, उपले, पशुधन से ईंधन
    • • सीमित वायु में लकड़ी जलाने से → चारकोल (कम धुआँ, अधिक दक्षता)
    • • बायो गैस: गोबर/अपशिष्ट का अवायवीय अपघटन
    • • जैव गैस में 75% तक मेथेन, धुआँरहित, राख नहीं
    • • बची स्लरी = उत्तम खाद (नाइट्रोजन+फॉस्फोरस)
  6. 6. पवन ऊर्जा

    देखिए, सूरज की किरणों से ज़मीन और पानी असमान रूप से गरम होते हैं।

    • • पवन की गतिज ऊर्जा → टरबाइन घुमाकर विद्युत
    • • एकल पवन-चक्की से कम विद्युत → पवन ऊर्जा फार्म
    • • भारत पवन ऊर्जा में पाँचवें स्थान पर
    • • कन्याकुमारी फार्म: 380 MW
    • • सीमाएँ: पवन चाल >15 km/h, 1MW हेतु 2 हेक्टेयर भूमि, अधिक लागत
  7. 7. सौर ऊर्जा और सौर सेल

    देखिए, सौर कुकर और सौर जल तापक का एक नुकसान है।

    • • सौर सेल: सौर ऊर्जा → विद्युत ऊर्जा
    • • एक सौर सेल: 0.5-1.0 V, लगभग 0.7 W
    • • बहुत से सौर सेल मिलकर = सौर पैनल
    • • लाभ: गतिमान पुर्जा नहीं, सस्ता रखरखाव, सुदूर स्थानों में उपयोगी
    • • उपयोग: उपग्रह, मार्स ऑर्बिटर, टी.वी. रिले, ट्रैफिक सिग्नल
  8. 8. समुद्र, भूतापीय व नाभिकीय ऊर्जा

    देखिए, चंद्रमा का गुरुत्वीय खिंचाव समुद्र के जल को खींचता है।

    • • ज्वारीय ऊर्जा: चंद्रमा के खिंचाव से ज्वार-भाटा → विद्युत
    • • तरंग ऊर्जा: समुद्र-तट की प्रबल तरंगों से
    • • OTEC: पृष्ठ व गहराई के जल में 20°C ताप-अंतर से ऊर्जा
    • • भूतापीय ऊर्जा: तप्त स्थलों से भाप बनती है
    • • नाभिकीय संलयन: 2H+2H→3He (+n), सूर्य-तारों की ऊर्जा का स्रोत

सारांश

चलिए, अब इस अध्याय को एक बार याद कर लेते हैं। देखिए, ऊर्जा संरक्षित तो रहती है, पर उसका प्रयोज्य रूप धीरे-धीरे कम हो जाता है। इसीलिए एक स्रोत उपभुक्त हो जाता है। अच्छा, जीवाश्मी ईंधन जलाने से क्या होता है? अम्लीय वर्षा और ग्रीन हाउस प्रभाव जैसी समस्याएँ होती हैं। इसीलिए विद्युत बनाने के लिए अब कई स्रोत काम में लाए जाते हैं — तापीय, जल, पवन और सौर, और ये सब टरबाइन के माध्यम से बिजली बनाते हैं। जैव-मात्रा से भी हमें चारकोल और बायो गैस मिलते हैं, यानी एक साथ ईंधन भी और खाद भी। समुद्र से भी ऊर्जा मिलती है — ज्वारीय, तरंग, और तापीय ऊर्जा। साथ ही भूतापीय ऊर्जा भी विद्युत बनाने का एक स्रोत है। और अंत में हमने नाभिकीय विखंडन और संलयन से मिलने वाली विशाल ऊर्जा को भी देखा, उनकी सीमाओं के साथ। अच्छा बताइए, इनमें से कौन सा स्रोत आपको सबसे दिलचस्प लगा?

AskMedha · मेधा मैम — बिहार बोर्ड 10वीं विज्ञान, अध्याय 14। पाठ्यपुस्तक से लिखा, दो बार जाँचा।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

"ऊर्जा के स्रोत" के नोट्स PDF में कैसे मिलेंगे?
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ये नोट्स कहाँ से लिखे गए हैं?
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मेधा मैम एक AI टीचर हैं — कोई लाइव ट्यूटर नहीं। हर उत्तर दो बार जाँचा जाता है; ज़िम्मेदारी एक व्यक्ति की है।