बिहार बोर्ड 10वीं · संस्कृत · मैट्रिक परीक्षा 2027
अध्याय 3: अलसकथा
बिहार बोर्ड (BSEB) के 2021–2026 के असली पेपरों से इस अध्याय के 8 सबसे ज़्यादा पूछे गए प्रश्न (VVI) — 3 के आदर्श उत्तर पूरे, 5 के उत्तर की पहली पंक्ति — और ऑब्जेक्टिव प्रश्न बोर्ड की उत्तर-कुंजी के साथ।
- अंक हर साल (लगभग)
- 4
- प्रश्न हर साल (लगभग)
- 4
- संस्कृत में स्थान
- #8
2021–2026 के 6 साल के पेपरों पर आधारित · पूरा अंक वितरण
VVI प्रश्न — बोर्ड ने जिन्हें सबसे ज़्यादा बार पूछा (8)
- Q1लघु उत्तरीय2 अंकपूछा गया: 2022, 2025
मंत्री वीरेश्वर की चारित्रिक विशेषताओं का वर्णन करें

मेधा मैम
Ask Medha की AI शिक्षिका
आदर्श उत्तर · मंत्री वीरेश्वर की चारित्रिक विशेषताएँ, अलसकथा
- 1.मंत्री वीरेश्वर स्वभाव से अत्यंत दानशील और दयालु व्यक्ति थे। वे मिथिला के मंत्री थे और उनका हृदय अत्यंत करुणामय था, इसी कारण उन्हें कारुणिक भी कहा गया है।1 अंक
- 2.मंत्री वीरेश्वर प्रतिदिन दुर्गतों, अनाथों और निर्धनों को उनकी इच्छानुसार भोजन (इच्छाभोजन) प्रदान करते थे तथा उन्हें अन्न और वस्त्र भी देते थे। इस प्रकार वे अत्यंत उदार और सहृदय मंत्री थे।1 अंक
- पहले बिंदु में 'दानशील' और 'दयालु' तथा 'कारुणिक' शब्द अवश्य लिखें।
- दूसरे बिंदु में 'अनाथ', 'निर्धन' और 'भोजन' तथा 'अन्न-वस्त्र' शब्दों का प्रयोग करें।
- उत्तर मंत्री वीरेश्वर के नाम और उनके मिथिला के मंत्री होने से आरंभ करें।
अंक-विभाजन: पिछले पेपरों से निकाली गई संरचना (दो स्वतंत्र जाँच); बिहार बोर्ड की आधिकारिक नहीं
- Q2लघु उत्तरीय16 अंकपूछा गया: 2022
5. अधोलिखित में से किन्हीं आठ प्रश्नों के उत्तर दें : (क) अलसकथा का संदेश क्या है ? (ख) 'मङ्गलम्' पाठ का पाँच वाक्यों में वर्णन करें । (ग) नदियाँ समुद्र में कैसे मिलती हैं ? (घ) 'पाटलिपुत्र वैभवम्' पाठ का वर्णन चार से पाँच वाक्यों में करें । (ङ) प्राचीन काल से ही पाटलिपुत्र कैसे नगर के रूप में प्रसिद्ध है ? (च) अथर्ववेद में किन पाँच मन्त्रदर्शनवती ऋषिकाओं का उल्लेख है ? (छ) पण्डिता क्षमाराव की प्रमुख कृतियों के नाम लिखें । (ज) पठित पाठ के आधार पर भारतवर्ष की प्रमुख विशेषताओं का वर्णन करें । (झ) उपनयन संस्कार का वर्णन करें । (ञ) संस्कार का मौलिक अर्थ क्या है ? (ट) पण्डित कौन हैं ? (ठ) 'कर्मवीर कथा' के आधार पर रामप्रवेश राम के परिवार का वर्णन करें । (ड) किन गुणों के कारण उन्नीसवीं सदी के समाजसुधारकों में स्वामी दयानन्द श्रेष्ठ थे ? (ढ) मन्दाकिनी का कैसा जल श्रीरामचन्द्रजी के मन को आकर्षित कर रहा है ? (ण) सात्विक दान क्या है ? (त) शक्र ने कर्ण से कौन-सी बड़ी भिक्षा माँगी तथा क्यों ?

मेधा मैम
Ask Medha की AI शिक्षिका
आदर्श उत्तर · संस्कृत लघु उत्तरीय प्रश्न, पीयूषम्
- 1.(क) अलसकथा का संदेश है कि आलस्य मनुष्य का बड़ा दोष है, अतः उसे त्याग देना चाहिए। कथा यह भी सिखाती है कि परीक्षा करके ही सच्चे और कपटी लोगों की पहचान करनी चाहिए। अथवा (झ) 'उपनयन' का अर्थ है गुरु के समीप ले जाना। इस संस्कार में गुरु शिष्य को अपने घर ले जाकर शिक्षा देता है। शिष्य यज्ञोपवीत धारण करता है, उसका ब्रह्मचर्य व्रत आरम्भ होता है और वह द्विज कहलाता है।2 अंक
- 2.(ख) 'मङ्गलम्' पाठ में उपनिषदों के पाँच मन्त्र हैं। पहले मन्त्र के अनुसार सत्य का मुख सोने के पात्र से ढका है। दूसरे के अनुसार आत्मा अणु से भी छोटा और महान से भी महान है। तीसरा बताता है कि सत्य की ही जय होती है, असत्य की नहीं। चौथे के अनुसार जैसे नदियाँ नाम-रूप छोड़कर समुद्र में मिलती हैं, वैसे ही विद्वान परम पुरुष को पाता है। पाँचवें के अनुसार अंधकार से परे सूर्य के समान तेजस्वी पुरुष को जानकर ही मनुष्य मृत्यु को पार करता है। अथवा (ञ) संस्कार का मौलिक अर्थ है परिष्कार अर्थात् दोषों को दूर करना और गुणों का आधान करना।2 अंक
- 3.(ग) जैसे बहती हुई नदियाँ अपने नाम और रूप को छोड़कर समुद्र में मिल जाती हैं, वैसे ही विद्वान व्यक्ति नाम और रूप से मुक्त होकर परात्पर दिव्य पुरुष को प्राप्त करता है। अथवा (ट) पण्डित वह है जिसके कार्य और मन्त्रणा को दूसरे लोग पहले नहीं जान पाते, केवल किया हुआ कार्य ही जानते हैं। जो सब प्राणियों के तत्त्व, सब कर्मों की युक्ति और मनुष्यों के उपायों को जानता है, वही पण्डित कहलाता है।2 अंक
- 4.(घ) पटना का प्राचीन नाम पाटलिपुत्र है, जिसे कुसुमपुर भी कहा जाता था। यह गंगा के तट पर बसा है। प्राचीन काल में यह मगध साम्राज्य की राजधानी था। यहाँ गुरु गोविन्द सिंह का जन्मस्थान हरमंदिर साहिब है। गोलघर, संग्रहालय, जैविक उद्यान आदि यहाँ के दर्शनीय स्थल हैं। अथवा (ठ) रामप्रवेश राम का जन्म बिहार के दुर्गम प्रान्त के भीखनटोला गाँव के एक अत्यंत निर्धन दलित परिवार में हुआ था। उसका परिवार गाँव के बाहर एक जीर्ण-शीर्ण कुटिया में अभावों के बीच कष्टपूर्ण जीवन बिताता था।2 अंक
- 5.(ङ) पाटलिपुत्र प्राचीन काल से ही मगध साम्राज्य की राजधानी रहा है। मौर्य और गुप्त सम्राटों के समय यह राजनीति, विद्या, संस्कृति और व्यापार का प्रमुख केन्द्र था, इसलिए यह नगर के रूप में प्रसिद्ध है। अथवा (ड) स्वामी दयानन्द ने समाज में फैले अंधविश्वास, मूर्तिपूजा, जाति-भेद और बाल-विवाह जैसी कुरीतियों का विरोध किया। उन्होंने स्त्री-शिक्षा और वेदों का प्रचार किया तथा आर्यसमाज की स्थापना की। इन्हीं गुणों के कारण वे उन्नीसवीं सदी के समाजसुधारकों में श्रेष्ठ थे।2 अंक
- 6.(च) पाठ के अनुसार अथर्ववेद में पाँच मन्त्रदर्शनवती ऋषिकाओं का उल्लेख है; पाठ में इनके नाम यमी, अपाला, उर्वशी, इन्द्राणी और वागाम्भृणी दिए गए हैं। अथवा (ढ) मृगों के झुंड द्वारा पिए जाने से इस समय गंदला हुआ मन्दाकिनी का जल और उसके रमणीय घाट श्रीरामचन्द्रजी के मन को आकर्षित कर रहे हैं (मृगयूथनिपीतानि कलुषाम्भांसि साम्प्रतम्)।2 अंक
- 7.(छ) पण्डिता क्षमाराव की प्रमुख कृतियाँ हैं: सत्याग्रहगीता, मीरालहरी, कथामुक्तावली, विचित्रपरिषद्यात्रा और ग्रामज्योतिः। अथवा (ण) जो दान 'देना कर्तव्य है' इस भाव से, बदले में उपकार न करने वाले व्यक्ति को, उचित देश, काल और पात्र का ध्यान रखकर दिया जाता है, उसे सात्त्विक दान कहते हैं।2 अंक
- 8.(ज) भारतवर्ष की महिमा का गान देवता भी करते हैं और यहाँ जन्म लेने वालों को धन्य मानते हैं। भारत कर्मभूमि है तथा स्वर्ग और मोक्ष प्राप्त करने का मार्ग है। समुद्र इसके चरण धोता है, हिमालय इसका मुकुट है और यह ऋषियों-मुनियों रूपी रत्नों से समृद्ध है। अथवा (त) शक्र (इन्द्र) ने ब्राह्मण का वेश धारण कर कर्ण से कवच और कुण्डल की बड़ी भिक्षा माँगी, क्योंकि कवच-कुण्डल के रहते कर्ण अजेय था और इन्द्र अपने पुत्र अर्जुन की रक्षा (हित) करना चाहते थे।2 अंक
अंक-विभाजन: पिछले पेपरों से निकाली गई संरचना (दो स्वतंत्र जाँच); बिहार बोर्ड की आधिकारिक नहीं
- Q3लघु उत्तरीय2 अंकपूछा गया: 2021
अलसशाला में आग क्यों लगाई गई ?

मेधा मैम
Ask Medha की AI शिक्षिका
आदर्श उत्तर · अलसकथा, अलसशाला में आग
- 1.मंत्री वीरेश्वर की अलसशाला में आलसियों को बिना काम के भोजन मिलता था, इसलिए भोजन के लोभ में बहुत से धूर्त लोग भी कपट से आलसी बनकर वहाँ रहने लगे।1 अंक
- 2.सच्चे और कपटी आलसियों की परीक्षा के लिए नियोगी पुरुषों ने अलसशाला में आग लगाई। आग देखकर धूर्त भाग गए, केवल चार सच्चे आलसी वहीं पड़े रहे।1 अंक
अंक-विभाजन: पिछले पेपरों से निकाली गई संरचना (दो स्वतंत्र जाँच); बिहार बोर्ड की आधिकारिक नहीं
- Q4लघु उत्तरीय2 अंकपूछा गया: 2022
जलते हुए अलसशाला से आलसियों को कैसे निकाला गया ?
आदर्श उत्तर की पहली पंक्ति
1. अलसशाला में आग लगी हुई देखकर धूर्त लोग तो तुरंत भाग गए, परन्तु आलसी लोग आलस्य के कारण वहीं सोए रहे। वे आग से बाहर निकलने का प्रयत्न भी नहीं कर रहे थे, क्योंकि आलस्य उनके स्वभाव में इतना बस गया था कि प्राणों के संकट में…
पूरा उत्तर मेधा मैम से → - Q5लघु उत्तरीय2 अंकपूछा गया: 2022
'अलस कथा' पाठ की विशेषताओं का वर्णन अपने शब्दों में करें
आदर्श उत्तर की पहली पंक्ति
1. 'अलसकथा' मैथिल कवि विद्यापति की 'पुरुषपरीक्षा' से ली गई हास्य-व्यंग्य प्रधान कथा है। इसमें मिथिला के मंत्री वीरेश्वर की अलसशाला तथा आग लगाकर सच्चे और कपटी आलसियों की परीक्षा का रोचक वर्णन है।
पूरा उत्तर मेधा मैम से → - Q6लघु उत्तरीय2 अंकपूछा गया: 2023
'अलसशाला' के कर्मियों ने आलसियों की परीक्षा क्यों ली ?
आदर्श उत्तर की पहली पंक्ति
1. अलसशाला में भर्ती के लिए कर्मियों के समक्ष यह जांचना आवश्यक था कि भर्ती होने वाला व्यक्ति वास्तव में परम आलसी है या नहीं। वस्तुतः अलसशाला में मिलने वाला आराम व सुविधाएँ देखकर धूर्त और स्वस्थ लोग भी मुफ्त भोजन-वस्त्र…
पूरा उत्तर मेधा मैम से → - Q7लघु उत्तरीय2 अंकपूछा गया: 2024
'अलसकथा' पाठ में किसका वर्णन है ?
आदर्श उत्तर की पहली पंक्ति
1. अलसकथा पाठ विद्यापति द्वारा रचित 'पुरुष परीक्षा' ग्रंथ से लिया गया है, जिसमें आलसियों की परीक्षा लेने की कथा वर्णित है।
पूरा उत्तर मेधा मैम से → - Q8लघु उत्तरीय2 अंकपूछा गया: 2025
अलसकथा पाठ का संदेश क्या है ?
आदर्श उत्तर की पहली पंक्ति
1. अलसकथा पाठ का संदेश यह है कि आलस्य मनुष्य का सबसे बड़ा शत्रु है। नीतिश्लोक के अनुसार 'आलस्यं हि मनुष्याणां शरीरस्थो महारिपुः', अर्थात् आलस्य शरीर में स्थित शत्रु है जो मनुष्य के जीवन को नष्ट कर देता है।
पूरा उत्तर मेधा मैम से →
ऑब्जेक्टिव प्रश्न — उत्तर-कुंजी सहित (10)
- 1. बिहार बोर्ड 2026
'आलस्य' को किसके समान बताया गया है ?
- (A) मित्र के समान
- (B) धन के समान
- (C) शत्रु के समान ✓
- (D) परिश्रम के समान
उत्तर: (C)
- 2. बिहार बोर्ड 2026
आलसियों का शरणदाता कौन होता है ?
- (A) निर्दयी
- (B) कारुणिक ✓
- (C) ईश्वर
- (D) सज्जन
उत्तर: (B)
- 3. बिहार बोर्ड 2026
अलसशाला में बढ़ती हुई आग को देखकर पहले कौन भागा ?
- (A) आलसी
- (B) धूर्त ✓
- (C) कम आलसी
- (D) सभी लोग
उत्तर: (B)
- 4. बिहार बोर्ड 2025
'अरे वाचाल ! कितना बोलते हो ?' किस पुरुष का कथन है ?
- (A) चतुर्थ पुरुष ✓
- (B) द्वितीय पुरुष
- (C) तृतीय पुरुष
- (D) प्रथम पुरुष
उत्तर: (A)
- 5. बिहार बोर्ड 2025
'अलसकथा' पाठ में 'अहो कथमयं कोलाहल: ?' किसकी उक्ति है ?
- (A) पहला आलसी ✓
- (B) दूसरा आलसी
- (C) तीसरा आलसी
- (D) चौथा आलसी
उत्तर: (A)
- 6. बिहार बोर्ड 2024
नीतिकार आलस्य को क्या मानते हैं ?
- (A) मित्र
- (B) गुण
- (C) शत्रु ✓
- (D) अवगुण
उत्तर: (C)
- 7. बिहार बोर्ड 2024
वीरेश्वर कहाँ का मंत्री था ?
- (A) मगध
- (B) कान्यकुब्ज
- (C) अवन्ती
- (D) मिथिला ✓
उत्तर: (D)
- 8. बिहार बोर्ड 2024
''अहो कथमयं कोलाहल: ?'' - किसकी उक्ति है ?
- (A) चतुर्थ आलसी की
- (B) द्वितीय आलसी की
- (C) प्रथम आलसी की ✓
- (D) तृतीय आलसी की
उत्तर: (C)
- 9. बिहार बोर्ड 2024
'बालानां ............. गति: ।' रिक्त स्थान की पूर्ति उचित विकल्प से करें ।
- (A) पिता
- (B) जननी ✓
- (C) राजा
- (D) भ्राता
उत्तर: (B)
- 10. बिहार बोर्ड 2024
'वीरेश्वरः कारुणिकः मंत्री आसीत्' - प्रश्ननिर्माण के लिए रेखांकित पद (कारुणिकः) के स्थान पर कौन-सा पद होगा ?
- (A) कः
- (B) कीदृशः ✓
- (C) कस्य
- (D) किम्
उत्तर: (B)
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- बिहार बोर्ड 10वीं संस्कृत में "अलसकथा" से कितने अंक आते हैं?
- 2021 से 2026 के बिहार बोर्ड के पेपरों में इस अध्याय से औसतन लगभग 4 अंक और लगभग 4 प्रश्न हर साल पूछे गए; संस्कृत में अंकों के हिसाब से यह 8वाँ अध्याय है।
- "अलसकथा" के VVI प्रश्न कौन से हैं?
- ऊपर दिए गए 8 प्रश्न बोर्ड के असली पेपरों से हैं, जिस-जिस साल पूछे गए उस साल के साथ; जो सबसे ज़्यादा बार पूछे गए वे पहले हैं और उनके आदर्श उत्तर पूरे दिए गए हैं। इस अध्याय के कुल 8 लिखित प्रश्न और उनके उत्तर Ask Medha ऐप में हैं।
- क्या ये उत्तर बोर्ड की marking scheme के अनुसार हैं?
- BSEB अपनी marking scheme प्रकाशित नहीं करता। हर उत्तर पिछले पेपरों से निकाली गई अंक-संरचना पर बिंदुवार लिखा गया है और एक दूसरे, स्वतंत्र मॉडल से जाँचा गया है; इसे बोर्ड की आधिकारिक scheme नहीं कहा जाता।
यही तैयारी, मेधा मैम के साथ — आपके फ़ोन पर
हर अध्याय का हर प्रश्न, हर आदर्श उत्तर और बोर्ड के ढंग के अभ्यास प्रश्न; रोज़ 45 मिनट की क्लास, जाँचे हुए लिखित उत्तर, हर रविवार टेस्ट और माता-पिता को WhatsApp रिपोर्ट।
मेधा मैम एक AI टीचर हैं — कोई लाइव ट्यूटर नहीं। हर उत्तर दो बार जाँचा जाता है; ज़िम्मेदारी एक व्यक्ति की है।