बिहार बोर्ड 10वीं · हिंदी · मैट्रिक परीक्षा 2027
अध्याय 3: घनानंद
बिहार बोर्ड (BSEB) के 2016–2026 के असली पेपरों से इस अध्याय के 2 सबसे ज़्यादा पूछे गए प्रश्न (VVI) — 2 के आदर्श उत्तर पूरे — और ऑब्जेक्टिव प्रश्न बोर्ड की उत्तर-कुंजी के साथ।
- अंक हर साल (लगभग)
- 2
- प्रश्न हर साल (लगभग)
- 2
- हिंदी में स्थान
- #16
2021–2026 के 5 साल के पेपरों पर आधारित · पूरा अंक वितरण
VVI प्रश्न — बोर्ड ने जिन्हें सबसे ज़्यादा बार पूछा (2)
- Q1लघु उत्तरीय2 अंकपूछा गया: 2025, 2026
कवि घनानंद अपने आँसुओं को कहाँ पहुँचाना चाहते हैं और क्यों ?

मेधा मैम
AskMedha की AI शिक्षिका
आदर्श उत्तर · घनानंद, आँसू और सुजान का आँगन
- 1.कवि घनानंद अपने आँसुओं को अपनी प्रियतमा सुजान के आँगन में पहुँचाना चाहते हैं। वे चाहते हैं कि कभी उस विश्वासघाती के आँगन में उनके आँसू जाकर बरस जाएँ।1 अंक
- 2.कवि घनानंद ऐसा इसलिए करना चाहते हैं क्योंकि वे अपने प्रेम की पीर और विरह की वेदना को सुजान तक पहुँचाना चाहते हैं। वे चाहते हैं कि उनकी यह पीर सुजान के हृदय को स्पर्श करे और उसे उनकी सच्ची वेदना का अनुभव हो सके।1 अंक
- पहले पैराग्राफ में 'सुजान के आँगन' शब्द अवश्य लिखें।
- दूसरे पैराग्राफ में 'प्रेम की पीर' और 'विरह की वेदना' दोनों शब्द लिखें।
- आँसुओं के गंतव्य और कारण को अलग-अलग पैराग्राफ में स्पष्ट करें, दोहराएँ नहीं।
अंक-विभाजन: पिछले पेपरों से निकाली गई संरचना (दो स्वतंत्र जाँच); बिहार बोर्ड की आधिकारिक नहीं
- Q2दीर्घ उत्तरीय5 अंकपूछा गया: 2026
सप्रसंग व्याख्या करें : ''अति सूधो सनेह को मारग है जहाँ नेकु सयानप बाँक नहीं । तहाँ साँचे चलें तजि आपनौ झिझकें कपटी जे निसॉक नहीं ।''

मेधा मैम
AskMedha की AI शिक्षिका
आदर्श उत्तर · सप्रसंग व्याख्या, घनानंद की कविता
- 1.प्रस्तुत पंक्तियाँ कवि घनानंद द्वारा रचित 'अति सूधो सनेह को मारग है' शीर्षक कविता से ली गई हैं। इस पद्यांश में कवि ने प्रेम के मार्ग की विशेषताओं का वर्णन किया है।1 अंक
- 2.कवि के अनुसार प्रेम का मार्ग अत्यंत सीधा और सरल है जहाँ तनिक भी चतुराई अथवा टेढ़ापन का कोई स्थान नहीं है। घनानंद कहते हैं कि अति सूधो सनेह को मारग है जहाँ नेकु सयानप बाँक नहीं, अर्थात प्रेम के इस मार्ग में सयानप यानी चतुराई की बाँक अर्थात टेढ़ापन तनिक भी नहीं होती। यह मार्ग सीधा-सादा है, इसमें किसी प्रकार की चालाकी या धूर्तता के लिए जगह नहीं है।2 अंक
- 3.सच्चे प्रेमी अपने अहंकार को त्याग कर इस सीधे-सादे मार्ग पर निस्संकोच चलते हैं जबकि कपटी और संकोची लोग यहाँ नहीं चल सकते। कवि कहते हैं कि तहाँ साँचे चलैं तजि आपनपौ, अर्थात सच्चे और निश्छल प्रेमी अपना आपनपौ यानी अहंकार त्याग कर इस मार्ग पर चलते हैं। इसके विपरीत झिझकें कपटी जे निसाँक नहीं, अर्थात जो लोग कपटी हैं और निसाँक अर्थात शंकामुक्त नहीं हैं, वे इस मार्ग पर चलने में झिझकते हैं। इस प्रकार कवि ने स्पष्ट किया है कि प्रेम के मार्ग पर केवल सच्चे और निश्छल हृदय वाले लोग ही चल सकते हैं, कपटी लोगों के लिए यह मार्ग कठिन है।2 अंक
- पहले बिंदु में कवि का नाम 'घनानंद' और कविता का शीर्षक 'अति सूधो सनेह को मारग है' अवश्य लिखें।
- दूसरे बिंदु में मूल पंक्ति 'अति सूधो सनेह को मारग है जहाँ नेकु सयानप बाँक नहीं' उद्धृत कर 'प्रेम का मार्ग', 'सरल' और 'चतुराई' शब्दों का प्रयोग करें।
- तीसरे बिंदु में 'साँचे', 'आपनपौ' (अहंकार) और 'कपटी' शब्दों के साथ सच्चे प्रेमी व कपटी व्यक्ति के अंतर को स्पष्ट करें।
अंक-विभाजन: पिछले पेपरों से निकाली गई संरचना (दो स्वतंत्र जाँच); बिहार बोर्ड की आधिकारिक नहीं
ऑब्जेक्टिव प्रश्न — उत्तर-कुंजी सहित (10)
- 1. बिहार बोर्ड 2026
कवि घनानंद के अनुसार प्रेम का सिद्धान्त है
- (A) एकनिष्ठता और पूर्ण समर्पण ✓
- (B) छल और कपट
- (C) जरूरत के अनुसार व्यवहार
- (D) अवसरवादिता
उत्तर: (A)
- 2. बिहार बोर्ड 2026
‘अति सूधो सनेह को मारग है’ शीर्षक कविता के कवि हैं
- (A) प्रेमघन
- (B) रसखान
- (C) घनानंद ✓
- (D) गुरु नानक
उत्तर: (C)
- 3. बिहार बोर्ड 2026
निम्न में कौन कवि मोहम्मद शाह रंगीले के यहाँ मीरमुंशी का काम करते थे ?
- (A) घनानंद ✓
- (B) रसखान
- (C) प्रेमघन
- (D) गुरु नानक
उत्तर: (A)
- 4. बिहार बोर्ड 2025
घनानंद किस भाषा में लिखते थे ?
- (A) अवधी भाषा में
- (B) ब्रजभाषा में ✓
- (C) खड़ीबोली में
- (D) बघेली भाषा में
उत्तर: (B)
- 5. बिहार बोर्ड 2025
विराग होने पर कवि घनानंद कहाँ चले गये ?
- (A) अयोध्या
- (B) काशी
- (C) इलाहाबाद
- (D) वृंदावन ✓
उत्तर: (D)
- 6. बिहार बोर्ड 2025
निम्न में कौन 'प्रेम की पीर' के कवि हैं ?
- (A) गुरु नानक
- (B) रसखान
- (C) घनानंद ✓
- (D) सुमित्रानंदन पंत
उत्तर: (C)
- 7. बिहार बोर्ड 2024
मथुरा और वृंदावन पर धावा किसने बोला ?
- (A) मीर मुंशी के सिपाहियों ने
- (B) मुगलों के सिपाहियों ने
- (C) शाह रंगीले के सिपाहियों ने
- (D) नादिर शाह के सिपाहियों ने ✓
उत्तर: (D)
- 8. बिहार बोर्ड 2024
घनानंद की भाषा है
- (A) अवधी
- (B) ब्रज ✓
- (C) खड़ी बोली
- (D) बुंदेली
उत्तर: (B)
- 9. बिहार बोर्ड 2022
घनानंद रचित अत्यंत प्रसिद्ध क्या है ?
- (A) संगीत
- (B) नृत्य
- (C) नाट्य
- (D) सवैया और घनाक्षरी ✓
उत्तर: (D)
- 10. बिहार बोर्ड 2022
'विरहलीला' किनकी रचना है?
- (A) घनानंद की ✓
- (B) प्रेमघन की
- (C) रसखान की
- (D) गुरु नानक की
उत्तर: (A)
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- बिहार बोर्ड 10वीं हिंदी में "घनानंद" से कितने अंक आते हैं?
- 2021 से 2026 के बिहार बोर्ड के पेपरों में इस अध्याय से औसतन लगभग 2 अंक और लगभग 2 प्रश्न हर साल पूछे गए; हिंदी में अंकों के हिसाब से यह 16वाँ अध्याय है।
- "घनानंद" के VVI प्रश्न कौन से हैं?
- ऊपर दिए गए 2 प्रश्न बोर्ड के असली पेपरों से हैं, जिस-जिस साल पूछे गए उस साल के साथ; जो सबसे ज़्यादा बार पूछे गए वे पहले हैं और उनके आदर्श उत्तर पूरे दिए गए हैं। इस अध्याय के कुल 2 लिखित प्रश्न और उनके उत्तर AskMedha ऐप में हैं।
- क्या ये उत्तर बोर्ड की marking scheme के अनुसार हैं?
- BSEB अपनी marking scheme प्रकाशित नहीं करता। हर उत्तर पिछले पेपरों से निकाली गई अंक-संरचना पर बिंदुवार लिखा गया है और एक दूसरे, स्वतंत्र मॉडल से जाँचा गया है; इसे बोर्ड की आधिकारिक scheme नहीं कहा जाता।
यही तैयारी, मेधा मैम के साथ — आपके फ़ोन पर
हर अध्याय का हर प्रश्न, हर आदर्श उत्तर और बोर्ड के ढंग के अभ्यास प्रश्न; रोज़ 60 मिनट की क्लास, जाँचे हुए लिखित उत्तर, हर रविवार टेस्ट और माता-पिता को WhatsApp रिपोर्ट।
मेधा मैम एक AI टीचर हैं — कोई लाइव ट्यूटर नहीं। हर उत्तर दो बार जाँचा जाता है; ज़िम्मेदारी एक व्यक्ति की है।