CBSE Class 10 · Hindi A · board exam 2027
Chapter 4: अलंकार
This chapter’s questions from CBSE’s real papers of 2023–2026 — the 20 asked most often, 3 with the full model answer, 17 with how the answer begins — and objective questions with the board’s key. All 73 questions of this chapter, with answers, are in the app.
- marks a year (about)
- 4
- questions a year (about)
- 4
- rank in Hindi A
- #8
From 4 years of papers, 2023–2026 · full chapter-wise marks
Important questions — the ones the board asked most (20)
- Q1Short answer1 markAsked: 2025, 2026
'उपमा अलंकार' का एक उपयुक्त उदाहरण काव्य-पंक्ति द्वारा लिखिए

Medha Ma’am
AskMedha’s AI teacher
Model answer · Upma alankar example
- 1.उपमा अलंकार का उदाहरण – "पीपर पात सरिस मन डोला।"1 mark
- ऐसी काव्य-पंक्ति लिखिए जिसमें सा, सी, से, सम, सरिस जैसा वाचक शब्द साफ़ दिखाई दे।
- पंक्ति शुद्ध और पूरी लिखिए, जैसे – "पीपर पात सरिस मन डोला।"
Marks split as in the board’s published marking scheme
- Q2Short answer4 marksAsked: 2026
6. निर्देशानुसार 'अलंकार' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों की रेखांकित काव्य-पंक्तियों में अलंकार पहचानकर लिखिए : (i) सागर-सा गंभीर हृदय हो, गिरी-सा ऊँचा हो जिसका मन । (ii) अति कटु वचन कहत कैकेई । मानहु लोन जरे पर देई । (iii) हरषाया ताल लाया पानी परात भरके । (iv) चरण-कमल बंदौ हरि राई । (v) कढ़त साथ ही म्यान तें, असि रिपु तन से प्राण ।

Medha Ma’am
AskMedha’s AI teacher
Model answer · Identifying figures of speech
- 1.उपमा अलंकार — हृदय की तुलना सागर से और मन की तुलना पर्वत से 'सा' वाचक शब्द द्वारा की गई है।1 mark
- 2.उत्प्रेक्षा अलंकार — 'मानहु' शब्द द्वारा कैकेई के अत्यंत कटु वचनों में जले पर नमक छिड़कने की संभावना की गई है।1 mark
- 3.मानवीकरण अलंकार — ताल (तालाब) को मनुष्य की तरह हर्षित होकर अतिथि के पैर धोने के लिए परात में पानी भरकर लाते हुए दिखाया गया है।1 mark
- 4.(iv) रूपक अलंकार — 'चरण-कमल' में चरण (उपमेय) पर कमल (उपमान) का अभेद आरोप है। (v) अतिशयोक्ति अलंकार — म्यान से तलवार निकलते ही शत्रु के शरीर से प्राण निकल जाना बढ़ा-चढ़ाकर कहा गया है।1 mark
Marks split from a structure derived from past papers (checked twice); not CBSE’s official scheme
- Q3Very short answer4 marksAsked: 2026
निर्देशानुसार 'अलंकार' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों की रेखांकित काव्य-पंक्तियों में अलंकार पहचानकर लिखिए : (i) ले चला साथ मैं तुझे कनक । ज्यों भिक्षुक लेकर स्वर्ण झनक । (ii) निर्मल तेरा नीर अमृत-सम उत्तम है । (iii) जगी वनस्पतियाँ अलसाई, मुख धोती शीतल जल से । (iv) अंबर-पनघट में डुबो रही, तारा-घट उषा नागरी । (v) हनुमान की पूँछ में, लग न पायी आग । लंका सारी जल गई, गए निशाचर भाग ।।

Medha Ma’am
AskMedha’s AI teacher
Model answer · Identifying figures of speech
- 1.उपमा अलंकार — 'ज्यों' वाचक शब्द द्वारा कवि के 'कनक' को साथ ले चलने की तुलना भिक्षुक के सोने की झनक लेकर चलने से की गई है।1 mark
- 2.उपमा अलंकार — निर्मल नीर (उपमेय) की तुलना अमृत (उपमान) से 'सम' वाचक शब्द द्वारा की गई है।1 mark
- 3.मानवीकरण अलंकार — वनस्पतियों को मनुष्य की तरह अलसाकर जागते और शीतल जल से मुँह धोते हुए दिखाया गया है।1 mark
- 4.(iv) रूपक अलंकार — अंबर पर पनघट, तारों पर घड़े और उषा पर नागरी (स्त्री) का अभेद आरोप किया गया है। (v) अतिशयोक्ति अलंकार — हनुमान की पूँछ में आग लगने से पहले ही सारी लंका का जल जाना बढ़ा-चढ़ाकर कहा गया है।1 mark
Marks split from a structure derived from past papers (checked twice); not CBSE’s official scheme
- Q4Short answer4 marksAsked: 2026
निर्देशानुसार 'अलंकार' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों की रेखांकित काव्य-पंक्तियों में अलंकार पहचानकर लिखिए : 4 x 1 = 4 (i) वन शारदी चंद्रिका-चादर ओढ़े । (ii) मुख्य गायक के चट्टान जैसे भारी स्वर का साथ । (iii) देखि सुदामा की दीन दशा करुणा करके करुणानिधि रोए । पानी परात को हाथ छुऔ नहीं, नैनन के जल सौं पग धोए ।। (iv) कहती हुई उत्तरा के नेत्र जल से भर गए । हिम के कणों से पूर्ण मानो हो गए पंकज नए ।। (v) आज सिंधु ने विष उगला है, लहरों का यौवन मचला है ।
How the model answer begins
1. रूपक अलंकार — 'चंद्रिका-चादर' में चाँदनी (उपमेय) पर चादर (उपमान) का अभेद आरोप किया गया है।
The full answer from Medha Ma’am → - Q5Very short answer4 marksAsked: 2026
निर्देशानुसार 'अलंकार' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों की रेखांकित काव्य-पंक्तियों में अलंकार पहचानकर लिखिए : (i) उस काल मारे क्रोध के तन काँपने उनका लगा । _मानो हवा के जोर से सोता हुआ सागर जगा ।_ (ii) _पीपर पात सरिस मन डोला ।_ (iii) _हिमकर निराश कर चला रात भी काली ।_ (iv) _आए महंत वसंत ।_ (v) _तुम्हारी यह दंतुरित मुसकान मृतक में भी डाल देगी जान ।_
How the model answer begins
1. उत्प्रेक्षा अलंकार — क्रोध से काँपते शरीर में हवा के जोर से जागे सागर की संभावना की गई है; वाचक शब्द 'मानो' है।
The full answer from Medha Ma’am → - Q6Very short answer4 marksAsked: 2026
निर्देशानुसार 'अलंकार' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों की रेखांकित काव्य-पंक्तियों में अलंकार पहचानकर लिखिए : (i) मानों झूम रहे हैं तरु भी मंद पवन के झोंकों से । (ii) जो नत हुआ, वह मृत हुआ ज्यों वृंत से झरकर कुसुम । (iii) हाय ! फूल-सी कोमल बच्ची हुई राख की ढेरी । (iv) पंखुरी लगे गुलाब की, परि है गात खरौंट ।। (v) एक राम घनश्याम हित चातक तुलसीदास ।।
How the model answer begins
1. उत्प्रेक्षा अलंकार — 'मानो' शब्द द्वारा मंद पवन के झोंकों से हिलते पेड़ों में झूमने की संभावना की गई है।
The full answer from Medha Ma’am → - Q7Short answer4 marksAsked: 2025
निर्देशानुसार 'अलंकार' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों की रेखांकित काव्य-पंक्तियों में अलंकार पहचानकर लिखिए : (i) उस काल मारे क्रोध के तन काँपने उनका लगा। मानो हवा के वेग से सोता हुआ सागर जगा। (ii) मेघ आए बन-ठन के सँवर के आगे-आगे नाचती-गाती बयार चली। (iii) मुख बाल रवि सम लाल होकर ज्वाला-सा बोधित हुआ। (iv) पायो जी मैंने राम रतन धन पायो, वस्तु अमोलक दी मेरे सतगुरु, किरपा कर अपनायो। (v) 'अतिशयोक्ति अलंकार' को एक उदाहरण द्वारा स्पष्ट कीजिए।
How the model answer begins
1. उत्प्रेक्षा अलंकार — यहाँ 'मानो' शब्द द्वारा क्रोध से काँपते शरीर में हवा के वेग से जागे हुए सागर की संभावना की गई है।
The full answer from Medha Ma’am → - Q8Very short answer4 marksAsked: 2025
निर्देशानुसार 'अलंकार' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों की रेखांकित काव्य पंक्तियों में अलंकार पहचानकर लिखिए : (क) पड़ी अचानक नदी अपार, घोड़ा कैसे उतरे पार । राणा ने सोचा इस पार, तब तक चेतक था उस पार । (ख) मेखलाकार पर्वत अपार अपने सहस्र दृग-सुमन फाड़ (ग) सादर कहहिं सुनहिं बुध ताही मधुकर सरिस संत गुन ग्राही (घ) दिल हल्का कर लेने को तटिनी उपलों से कुछ कहती जाती है । (ङ) लागति अवध भयाविन भारी । मानहु काल राति अंधियारी ।
How the model answer begins
1. अतिशयोक्ति अलंकार — राणा के इस पार सोचते-सोचते ही चेतक का उस पार पहुँच जाना बढ़ा-चढ़ाकर कहा गया है।
The full answer from Medha Ma’am → - Q9Very short answer4 marksAsked: 2025
निर्देशानुसार 'अलंकार' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों की रेखांकित काव्य पंक्तियों में अलंकार पहचानकर लिखिए : (क) हनुमान की पूँछ में लगन न पाई आग लंका सिगरी जल गई, गए निसाचर भाग । (ख) यों जलद-यान में विचर-विचर, था इंद्र खेलता इंद्रजाल । (ग) परहित सरिस धर्म नहीं भाई, परपीड़ा सम नहीं अधमाई । (घ) गाकर गीत विरह के तरिनी वेगवती बहती जाती है । (ङ) जटित नीलमनि जगमगति, सींक सुहाई नाँक । मनौ अली चंपक-कली, बसि रसु लेतु निसाँक ।।
How the model answer begins
1. अतिशयोक्ति अलंकार — हनुमान की पूँछ में आग लगने से पहले ही सारी लंका का जल जाना बढ़ा-चढ़ाकर कहा गया है।
The full answer from Medha Ma’am → - Q10Short answer4 marksAsked: 2025
निर्देशानुसार 'अलंकार' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों की रेखांकित काव्य पंक्तियों में अलंकार पहचानकर लिखिए : (क) आगे नदिया पड़ी अपार घोड़ा कैसे उतरे पार । _राणा ने सोचा इस पार, तब तक चेतक था उस पार ।_ (ख) _कमलनैन_ को छाँड़ि महातम और देव को ध्यावै ? (ग) जिसके चरणों में पला ताल, _दर्पण-सा फैला है विशाल_ (घ) कहती हुई यों उत्तरा के नेत्र जल से भर गए । _हिम के कणों से पूर्ण मानो हो गए पंकज नए ।_ (ङ) _जल कन्याएँ भोली अनजान_ सागर के उर पर नाच-नाच, करती हैं लहरें मधुर गान ।
How the model answer begins
1. अतिशयोक्ति अलंकार — राणा के सोचते ही चेतक का नदी के उस पार पहुँच जाना बढ़ा-चढ़ाकर कहा गया है।
The full answer from Medha Ma’am → - Q11Very short answer4 marksAsked: 2025
निर्देशानुसार 'अलंकार' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों की रेखांकित काव्य-पंक्तियों में अलंकार पहचानकर लिखिए : (क) _देख्यौ चाहति कमलनैन को,_ निसिदिन रहति उदासी । (ख) उदाहरण देकर अतिशयोक्ति अलंकार स्पष्ट कीजिए । (ग) _कुसुमावलि-सी पुलकित महान_ सागर के उर पर नाच-नाच, करती हैं लहरें मधुर गान । (घ) _सोने का कलस लिए उषा चली आ रही_ माथे पर दमक रही आभा सिंदूर की (ङ) अति कटु वचन कहित कैकेई । _मानहु लोन जरे पर देई ।_
How the model answer begins
1. रूपक अलंकार — 'कमलनैन' में श्रीकृष्ण के नेत्रों को कमल के रूप में दिखाया गया है। (कमल जैसे नेत्र मानकर उपमा (लुप्तोपमा) लिखना भी स्वीकार्य है।)
The full answer from Medha Ma’am → - Q12Short answer4 marksAsked: 2025
निर्देशानुसार 'अलंकार' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों की रेखांकित काव्य-पंक्तियों में अलंकार पहचानकर लिखिए : (क) अंबर पनघट में डुबो रही, तारा घट उषा नागरी । (ख) उदाहरण देकर अतिशयोक्ति अलंकार को स्पष्ट कीजिए । (ग) पूछे बिन कोऊ काहू सों न करे बात देवता से बैठे सब, साधि-साधि मौन हैं । (घ) कुछ ऐसे भोर की बयार गुनगुना उठी, अलसाए कुहरे की बाँह सिमटने लगी । (ङ) हरि मुख मानो मधुर मयंक
How the model answer begins
1. रूपक अलंकार — अंबर (उपमेय) पर पनघट, तारों पर घड़े और उषा पर नागरी (स्त्री) का अभेद आरोप किया गया है।
The full answer from Medha Ma’am → - Q13Very short answer4 marksAsked: 2025
निर्देशानुसार 'अलंकार' पर आधारित पाँच प्रश्नों में से किन्हीं चार प्रश्नों की रेखांकित काव्य-पंक्तियों में अलंकार पहचानकर लिखिए : (क) अभिमन्यु-धन के निधन से कारण हुआ जो मूल है इससे हमारे हत हृदय को, हो रहा जो शूल है । (ख) अंग-अंग नग जगमगत दीप-सिखा सी देह । (ग) उदाहरण द्वारा अतिशयोक्ति अलंकार स्पष्ट कीजिए । (घ) मगर उनकी लाई चिट्ठियाँ पेड़-पौधे, पानी और पहाड़ बाँचते हैं । (ङ) सोहत ओढ़े पीत पट, स्याम सलोने गात । मनहु नीलि मनि सैल पर, आतप पर्यौ प्रभात ।।
How the model answer begins
1. रूपक अलंकार — 'अभिमन्यु-धन' में अभिमन्यु (उपमेय) पर धन (उपमान) का अभेद आरोप किया गया है।
The full answer from Medha Ma’am → - Q14Short answer1 markAsked: 2026
गोपी पद-पंकज पावन कि रज जामे सिर भीजे - पंक्ति में रेखांकित अंश के अलंकार का भेद लिखिए
How the model answer begins
1. रेखांकित अंश 'पद-पंकज' में रूपक अलंकार है, क्योंकि यहाँ उपमेय 'पद' (चरण) पर उपमान 'पंकज' (कमल) का अभेद आरोप किया गया है, अर्थात् पद रूपी पंकज।
The full answer from Medha Ma’am → - Q15Short answer1 markAsked: 2026
आँधी चली, धूल भागी घाघरा उठाए - पंक्ति में कौन-सा अलंकार है?
How the model answer begins
1. इस पंक्ति में मानवीकरण अलंकार है, क्योंकि यहाँ धूल को एक स्त्री की तरह घाघरा उठाकर भागते हुए दिखाया गया है।
The full answer from Medha Ma’am → - Q16Short answer1 markAsked: 2026
तुम्हारी यह दंतुरित मुस्कान मृतक में भी डाल देगी जान उपरोक्त पंक्तियों में कौन-सा अलंकार है ?
How the model answer begins
1. इन पंक्तियों में अतिशयोक्ति अलंकार है, क्योंकि बच्चे की दंतुरित मुस्कान से मृतक में जान आ जाने की बात बढ़ा-चढ़ाकर कही गई है।
The full answer from Medha Ma’am → - Q17Short answer1 markAsked: 2026
'मानो हँसी हिमालय की है, फूट चली करती कल गान ।' - काव्य-पंक्तियों में कौन-सा अलंकार है?
How the model answer begins
1. इन काव्य-पंक्तियों में उत्प्रेक्षा अलंकार है, क्योंकि 'मानो' शब्द से उपमेय (नदी की धारा) में उपमान (हिमालय की हँसी) की संभावना की गई है।
The full answer from Medha Ma’am → - Q18Short answer1 markAsked: 2026
'मुख बाल-रवि सम लाल हो, ज्वाला-सा बोधित हुआ ।' - काव्य-पंक्तियों में कौन-सा अलंकार है?
How the model answer begins
1. इन काव्य-पंक्तियों में उपमा अलंकार है, क्योंकि मुख की तुलना 'सम' और 'सा' वाचक शब्दों के द्वारा बाल-रवि और ज्वाला से की गई है।
The full answer from Medha Ma’am → - Q19Short answer1 markAsked: 2026
'बीच में खड़ी अलसी हठिली, देह की पतली कमर की है लचीली ।' - काव्य-पंक्तियों में कौन-सा अलंकार है, लिखिए
How the model answer begins
1. इन काव्य-पंक्तियों में मानवीकरण अलंकार है, क्योंकि अलसी के पौधे को हठीली और पतली, लचीली कमर वाली स्त्री के रूप में दिखाया गया है।
The full answer from Medha Ma’am → - Q20Short answer1 markAsked: 2026
‘मन-सागर मनसा-लहरी बूढ़े-बहे अनेक’ - पंक्ति में अलंकार पहचान कर लिखिए
How the model answer begins
1. इस पंक्ति में रूपक अलंकार है, क्योंकि 'मन' पर 'सागर' का और 'मनसा' (इच्छा) पर 'लहरी' का आरोप करके उपमेय और उपमान को एक मान लिया गया है।
The full answer from Medha Ma’am →
53 more questions of this chapter, each with its model answer, in the AskMedha app.
Objective questions with the board’s key (10)
- 1. CBSE 2024
‘पानी परात को हाथ छुयो नहीं, नैनन के जल सों पग धोए।’ इस काव्य-पंक्ति में अलंकार है:
- (A) उत्प्रेक्षा
- (B) श्लेष
- (C) यमक
- (D) अतिशयोक्ति ✓
Answer: (D)
- 2. CBSE 2024
‘धीरे-धीरे उतर क्षितिज से आ बसंती रजनी’ - इस पंक्ति में प्रयुक्त अलंकार है :
- (A) मानवीकरण ✓
- (B) श्लेष
- (C) उत्प्रेक्षा
- (D) अतिशयोक्ति
Answer: (A)
- 3. CBSE 2024
‘विद्या धन उद्यम बिना कहौ जु पावै कौन। बिना डुलाए ना मिले ज्यों पंखा की पौन।।’ इन काव्य-पंक्तियों में किस अलंकार का प्रयोग हुआ है?
- (A) यमक
- (B) श्लेष
- (C) मानवीकरण
- (D) उत्प्रेक्षा ✓
Answer: (D)
- 4. CBSE 2024
‘मृदु मिट्टी के हैं बने हुए मधु घट फूटा ही करते हैं।’ इन काव्य-पंक्तियों में प्रयुक्त अलंकार है :
- (A) मानवीकरण
- (B) श्लेष ✓
- (C) उत्प्रेक्षा
- (D) यमक
Answer: (B)
- 5. CBSE 2024
निम्नलिखित काव्य-पंक्तियों में से कौन-सी पंक्ति अतिशयोक्ति अलंकार का उदाहरण है?
- (A) विश्व शलभ सिर धुन कहता मैं, हाय न जल पाया तुझमें मिल।
- (B) अंबर के आनन को देखो, कितने इसके तारे टूटे।
- (C) वह दौड़ रहा अरि मस्तक पर, वह आसमान का घोड़ा था। ✓
- (D) ज्यों-ज्यों बूड़े स्याम रंग, त्यों-त्यों उज्जलु होई।
Answer: (C)
- 6. CBSE 2024
‘रहिमन पानी राखिए, बिन पानी सब सून पानी गए न ऊबरै, मोती मानुष चून’ — में अलंकार है :
- (A) उत्प्रेक्षा
- (B) अतिशयोक्ति
- (C) मानवीकरण
- (D) श्लेष ✓
Answer: (D)
- 7. CBSE 2024
‘वन शारदी चंद्रिका-चादर ओढ़े’ — में कौन-सा अलंकार है ?
- (A) मानवीकरण ✓
- (B) उत्प्रेक्षा
- (C) अतिशयोक्ति
- (D) श्लेष
Answer: (A)
- 8. CBSE 2024
‘सिर फट गया उसका वही मानो अरुण रंग का घड़ा’ — पंक्ति में अलंकार है :
- (A) मानवीकरण
- (B) उत्प्रेक्षा ✓
- (C) अतिशयोक्ति
- (D) श्लेष
Answer: (B)
- 9. CBSE 2024
‘देख लो साकेत नगरी है यही, स्वर्ग से मिलने गगन जा रही है ।’ — में अलंकार है :
- (A) मानवीकरण
- (B) उत्प्रेक्षा
- (C) अतिशयोक्ति ✓
- (D) श्लेष
Answer: (C)
- 10. CBSE 2024
‘बहुत काली सिल जरा-से लाल केसर से कि जैसे धुल गई हो’ — में अलंकार है :
- (A) उत्प्रेक्षा ✓
- (B) मानवीकरण
- (C) श्लेष
- (D) अतिशयोक्ति
Answer: (A)
Questions parents and students ask
- How many marks does "अलंकार" carry in CBSE Class 10 Hindi A?
- In the CBSE papers of 2023–2026, this chapter carried about 4 marks and about 4 questions a year; by marks it ranks 8 in Hindi A.
- Which are the most important (VVI) questions of "अलंकार"?
- The 20 questions above are from the board’s real papers, each with the years it was asked; the most-asked come first with their full model answers. All 73 written questions of this chapter, with answers, are in the AskMedha app.
- Do the answers follow the board’s marking scheme?
- Yes. CBSE publishes its marking schemes; every model answer here is written point by point to the marks the board’s own scheme gives, and checked by a second, independent model.
The same preparation, with Medha Ma’am — on your phone
Every question of every chapter with its model answer, practice questions in the board’s own shapes, 60 minutes of class a day, written answers marked, a test every Sunday and a WhatsApp report to parents.
Medha Ma’am is an AI teacher, not a live tutor. Every answer is checked twice; a person takes responsibility.